
नक्सलमुक्त अबूझमाड़ में विकास की रोशनी, बोरानिरपी गांव में पहली बार पहुंची बिजली
नारायणपुर। जिले के अबूझमाड़ के घने जंगलों और दुर्गम पहाडिय़ों के बीच बसे ग्राम बोरानिरपी में नक्सलवाद के खात्में के बाद दशकों के इंतजार के बाद पहली बार बिजली पहुंची है। छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी नियद नेल्लानार योजना के तहत ओरछा विकासखंड के इस दूरस्थ गांव का विद्युतीकरण पूरा कर लिया गया है। जिला मुख्यालय से करीब 65 किलोमीटर दूर स्थित इस गांव के सभी 11 परिवारों के घर बिजली की रोशनी से जगमगा उठे हैं।
कलेक्टर नम्रता जैन के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (सीएसपीडीसीएल), नारायणपुर संभाग की टीम ने घने जंगलों और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बीच बिजली लाइन का विस्तार किया। इस प्रयास से लंबे समय से बिजली की सुविधा से वंचित ग्रामीणों को बड़ी राहत मिली है। गांव में बिजली पहुंचने से अब बच्चों को रात में लालटेन और ढिबरी के सहारे पढ़ाई नहीं करनी पड़ेगी। ग्रामीण मोबाइल चार्जिंग, पंखे और अन्य विद्युत उपकरणों का उपयोग कर सकेंगे। इसके साथ ही पेयजल आपूर्ति, संचार सुविधाओं और कृषि आधारित आजीविका के अवसरों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।



