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भगवान बिरसा मुंडा की जयंती आदिवासी गौरव दिवस के रूप में मनाया जाए- दीपक बैज

आदिवासियों की पहचान छीनने के भाजपा आरएसएस के प्रयास आदिवासी समाज विरोध करता है

भाजपा आदिवासी को जनजाति बनाने का षड़यंत्र कर रही है

रायपुर/ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को भारतीय जनता पार्टी जनजाति गौरव दिवस मना रही है। भगवान बिरसा मुंडा आदिवासी समाज के गौरव के प्रतीक थे, उनकी जयंती को जनजाति गौरव नहीं आदिवासी गौरव दिवस के रूप में मनाया जाना चाहिए। इसमे शामिल होने के लिये भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष आ रहे है आदिवासी समाज अपने आप को जनजाति और वनवासी बोलने का विरोध कर रहे है। भाजपा आदिवासी को जनजाति बनाने का षड़यंत्र कर रही है। आदिवासियों की पहचान छीनने के भाजपा आरएसएस के प्रयास आदिवासी समाज विरोध करता है। हम आदिवासी है आदिवासी रहेंगे लेकिन भारतीय जनता पार्टी वनवासी बनाने को लगी है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भाजपा ने विश्व आदिवासी दिवस का विरोध किया था। विश्व आदिवासी दिवस के दिन अपने परंपरा को लेकर आदिवासी समाज गौरव महसूस कर रहा था। आदिवासी दिवस दिन कार्यक्रम कर रहे थे और भाजपा जनजाति बनाने में तुले हुये है। मंत्रालय का नाम भी बदल दिया।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि आदिवासी समाज को चिढ़ाने के लिये जनजाति गौरव दिवस मनाने जा रहे है। जब आदिवासी समाज के लोग इसका विरोध कर रहे तो भाजपा जबरदस्ती थोपने का काम रही है। भाजपा को किसी समाज की पहचान हक को छीनने का हक नही हैं। आदिवासी समाज अपने आपको आदिवासी मानता है तो भाजपा को कोई हक नहीं आदिवासियों को जनजाति बनाने का।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भाजपा सरकार पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की विचारधारा के प्रभाव में आदिवासी संस्कृति को नष्ट करना चाहती है। आरएसएस आदिवासियों की अलग पहचान की हमेशा से विरोधी रही है। इसलिए आदिम जाति कल्याण विभाग का नाम बदला गया। अब जनजाति गौरव दिवस भी आदिवासी समाज को चिढ़ाने मना रहे है। छत्तीसगढ़ की पहचान यहां के आदिवासी समाज, उसकी समृद्ध संस्कृति, परंपराओं, भाषा और विशिष्ट जीवनशैली से है। आदिवासी समाज की पहचान और उसकी भावनाओं का सम्मान करना सरकार की जिम्मेदारी है। विभाग का नाम बदलने से आदिवासी समाज की शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और आर्थिक स्थिति में कोई सुधार नहीं होने वाला। सरकार बताए कि इस नाम परिवर्तन से आदिवासी परिवारों को क्या वास्तविक लाभ मिलेगा?
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के फैसलों में आदिवासी समाज की विशिष्ट पहचान और सांस्कृतिक अस्मिता को समाप्त करना चाहती है। विश्व आदिवासी दिवस को सरकारी स्तर पर मनाने और आदिवासी समाज को सम्मान देने के सवालों के बीच विभाग का नाम बदलने का फैसला सरकार की बदनीयती को दिखाता है। जनजाति गौरव दिवस की जगह आदिवासी गौरव दिवस क्यों नहीं मनाया जा रहा है?

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